पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अचानक आज नंदीग्राम में चुनाव प्रचार के दौरान वह चोटिल हो गईं उसके पश्चात वो घायल हो गईं,
जिसके बाद उन्हें कोलकाता के एक अस्पताल में भर्ती करवाया गया है। कांग्रेस ने इसे जहां चुनावी नौटंकी करार दिया है। बताया जा रहा है कि ममता नंदीग्राम के रियापारा इलाके में एक मंदिर के बाहर खड़ी हुई थीं, जिस समय उनके साथ यह घटना घटी। मुख्यमंत्री का आरोप है कि उन्हें धक्का दिया गया, जिसकी वजह से उनके एक पैर में चोट लग गई और सूजन आ गई। इस घटना के बाद चुनाव आयोग ने सक्रियता दिखाते हुए पूरे मामले की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
वहीं पश्चिम बंगाल बीजेपी के प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि जैसी सुरक्षा है किसी की हिम्मत नहीं होगी कि उनकी तरफ कोई आंख उठाकर भी देख ले।हमला की बात तो दूर है।
पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीश धनखड़ ने ट्वीट कर कहा, “ममता बनर्जी से उनकी स्वास्थ्य स्थिति के बारे में जानने के लिए मेला।
मैंने निदेशक (सुरक्षा) और मुख्य सचिव से मामले में अपडेट मांगा। स्वास्थ्य सचिव और अस्पताल के निदेशक से पूरी सावधानी बरतने का आग्रह किया।”
नंदीग्राम में जिस वक्त ममता बनर्जी घायल हुईं, वहां मौजूद एक छात्र सुमन मैती ने कहा, “जब सीएम यहां आए थे, तो जनता उनके चारों ओर इकट्ठा हो गई थी। उस समय उनकी गर्दन और पैर में चोट लगी थी। उन्हें धक्का नहीं दिया गया था। कार धीरे-धीरे चल रही थी”
इस घटना के बाद ममता ने कहा कि किसी ने उन्हें धक्का दिया, इसी वजह से पैर में चोट लगी। ममता ने कहा, ‘4-5 लोगों ने गाड़ी एकदम बंद कर दी। मुझे बहुत चोट लग गई। वहां लोकल पुलिस से कोई नहीं था। किसी की साजिश जरूर है। यह जानबूझकर किया गया है।’
उन्होंने कहा, ‘‘मैं अपनी कार के बाहर खड़ी थी जिसका दरवाजा खुला था. मैं वहां मंदिर में प्रार्थना करने जा रही थी. कुछ लोग मेरी कार के पास आए और दरवाजे को धक्का दिया.कार का दरवाजा मेरे पैर में लग गया.’’ जबकि मुख्यमंत्री को जेड-प्लस की सुरक्षा प्राप्त है।
